The Weather and Meteorology thread

adsatinder

explorer
Ambala › Temperature Falls In Haryana Due To Cold Wave And Rain

शीत लहर की चपेट में उत्तर भारत, हरियाणा में भारी ओलावृष्टि, पंजाब में आंधी-बारिश की चेतावनी

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रोहतक/हिसार/नई दिल्ली Updated Thu, 16 Jan 2020 11:11 PM IST


गोहाना में भारी ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान।


गोहाना में भारी ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान।


हरियाणा, दिल्ली, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड समेत पूरा उत्तर भारत शीत लहर की चपेट में है। पहाड़ों पर बर्फबारी के साथ ही दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान समेत हरियाणा के कई इलाकों में गुरुवार को हुई बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी है। इधर, सोनीपत के गोहाना क्षेत्र के दर्जनभर गांवों में ओलावृष्टि से फसलें तबाह हो गईं। मौसम केंद्र चंडीगढ़ ने हरियाणा में 20 जनवरी तक घने कोहरे छाने की चेतावनी जारी करते हुए 17 और 18 जनवरी को भी छिटपुटबारिश की संभावना जताई है।


हरियाणा में आठ किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली बर्फीली हवाओं ने शाम तक ठंड इस कदर बढ़ा दी कि कोल्ड डे जैसी स्थितियां फिर सामने आ गईं। शीत लहर के चलते हिसार और रोहतक में दिन का तापमान सामान्य से आठ डिग्री नीचे पहुंच गया। पश्चिमी विक्षोभ के चलते हरियाणा के कुछ हिस्सों में दोपहर बाद हुई बारिश जहां फसलों को संजीवनी दे गई। वहीं गोहाना क्षेत्र के गांवों में दोपहर बाद सात-आठ मिनट में डेढ़ से दो इंच तक ओलावृष्टि हुई।

इससे सब्जियां व सरसों की फसलें बुरी तरह प्रभावित हुईं। खेतों और सड़कों पर पहाड़ों की बर्फबारी का नजारा दिखाई दिया। लोगों का कहना था कि उन्होंने अपने जीवन में कभी ऐसी ओलावृष्टि नहीं देखी है। इसके अलावा सोनीपत में 2 एमएम तो गोहाना में 3 एमएम बारिश भी हुई। कृषि विभाग के उपनिदेशक डा. अनिल सहरावत का कहना है कि ओलावृष्टि से हुए नुकसान का आकलन किया जाएगा।

प्रदेश में चौथी बार आए पश्चिमी विक्षोभ के असर से कई जिलों में दिन भर बादल छाये रहे। रोहतक, झज्जर, सोनीपत, करनाल, रेवाड़ी समेत कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। प्रदेश में सबसे कम न्यूनतम तापमान सिरसा में 4.4 डिग्री तो अधिकतम हिसार में 12.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, हालांकि रात के तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई।

हिसार में पिछले चार दिनों में दिन के तापमान में आठ डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा चुकी है। करनाल समेत कई इलाकों में सुबह घने कोहरे की वजह से दृश्यता केवल 50 मीटर रही। इसके चलते सड़कों पर वाहन रेंगते रहे और ट्रेनें भी देरी चलीं।

हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि 17 जनवरी को भी कहीं-कहीं बादल या गरज-चमक व हवाओं के साथ बूंदाबांदी या हल्की बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक 17 और 20 जनवरी की रात भी पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम बदलेगा, हालांकि इन हलचलों का ज्यादा असर हरियाणा में नहीं दिखेगा। इस दौरान सिर्फ बादलों का आना जाना जारी रहेगा।

चंडीगढ़ में मौसम खराब होने से नहीं पहुंच सके सीएम
एचएयू और जीजेयू के कार्यक्रमों में शिकरत करने के लिए मुख्यमंत्री मनोहर लाल को हिसार आना था मगर चंडीगढ़ में मौसम खराब होने के कारण उनका हेलीकॉप्टर उड़ान नहीं भर सका। मुख्यमंत्री के न आने पर एचएयू में अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक हॉस्टल व दीनदयाल उपाध्याय जैविक खेती उत्कृष्ट केंद्र के उद्घाटन कार्यक्रम को रद्द कर दिया गया।
श्रीनगर में 15 उड़ानें रद्द
श्रीनगर एयरपोर्ट पर कम दृश्यता के चलते 15 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं। सुबह एयर ट्रैफिक प्रभावित रहा। घाटी में पूरी रात बर्फबारी होती रही। जम्मू और लद्दाख के कई इलाकों में भारी बर्फबारी हुई।

पंजाब, राजस्थान में आंधी, बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने पश्चिमी विक्षोभ के चलते पंजाब, राजस्थान और मध्य प्रदेश में शुक्रवार को बारिश व आंधी की चेतावनी जारी की है। अगले दो दिनों में हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में बारिश हो सकती है। साथ ही पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और त्रिपुरा में अगले दो दिन घना कोहरा छाया रहेगा।
प्रमुख शहरों का तापमान
  • शहर अधिकतम न्यूनतम
  • अंबाला 15.0 6.9
  • हिसार 12.9 5.5
  • नारनौल 16.0 7.5
  • करनाल 14.0 8.0
  • सिरसा 13.2 4.4
  • भिवानी 16.1 6.1
  • रोहतक 13.3 8.0

 

adsatinder

explorer
Indian Air Force Rescued Trekkers On Chadar Trek In Ladakh

Pics: लद्दाख में अचानक पिघली नदी, चीन-फ्रांस के ट्रैकर्स समेत 50 फंसे, 'देवदूत' बनी वायुसेना
मोहित धुपड़, अमर उजाला, चंडीगढ़, Updated Fri, 17 Jan 2020 01:26 AM IST

वायुसेना ने चलाया बचाव अभियान।

1 of 5
वायुसेना ने चलाया बचाव अभियान।

लद्दाख की 'जांस्कर नदी' के अचानक पिछलने से वहां मौजूद टैकर्स (पैदल यात्रा एडवेंचर करने वाले) समेत अन्य लोगों की जान आफत में आ गई है। ये ट्रैकर्स इस इलाके में मशहूर ‘चादर ट्रैक’ एरिया में पैदल ट्रैकिंग के लिए पहुंचे हुए थे। सूचना मिलते ही इंडियन एयरफोर्स के एडवांस लाइट हेलीकाप्टरों ने मोर्चा संभाला और वहां फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने का अभियान शुरू कर दिया है। दो दिनों में 107 से अधिक लोगों को इस क्षेत्र से सकुशल निकाला जा चुका है। जिसमें 50 टैकर्स को गुरुवार को हेलीकॉप्टरों के जरिये निकाला गया।



2 of 5

सकुशल निकाले गए टैकर्स में फ्रांस के दो (एक पुरुष, एक महिला) व चीन के सात (चार पुरुष, तीन महिला) शामिल हैं। कई कुली भी वहां फंसे थे। उन्हें भी हेलीकॉप्टरों की मदद से निकाला जा रहा है। दरअसल, ये लोग यहां ‘चादर ट्रैक’ एरिया में ट्रैकिंग एडवेंचर के लिए आए हुए थे। अत्यधिक बर्फ की वजह से यहां बहने वाली जांस्कर नदी भी जमी हुई थी। मगर अचानक नदी का एक बड़ा हिस्सा पिघलकर टूट गया।



3 of 5

ऐसी स्थिति में टैकर्स के लिए इस नदी के शेष मजबूत हिस्से को पार कर बहुत जोखिम भरा था। इसी वजह से ये टैकर्स, कुली व अन्य लोग वहीं फंस गए। यह सूचना

किसी तरह जांस्कर नदी के पास ही स्थित छोटे से शहर पादुम तक पहुंचाई गई और फिर वहां से इंडियन एयरफोर्स से मदद मांगी गई।




4 of 5

एयरफोर्स ने उठाया बड़ा जोखिम, मुश्किल थी हेलीकॉप्टरों की लैडिंग
सूचना मिलते ही एयरफोर्स के एडवांस लाइट हेलीकॉप्टरों ने इस इलाके के लिए उड़ान भर ली। एयरफोर्स के लिए ऐसे इलाके में हेलीकॉप्टर की लैंडिंग बेहद जोखिम भरा था, क्योंकि जांस्कर नदी का बड़ा हिस्सा पिघलने लगा था। मगर लोगों को सुरक्षित वहां से निकालने के लिए एयरफोर्स ने नदी के किनारे पर हेलीकॉप्टरों की सावधानी से लैंडिंग करवाई और ट्रैकर्स समेत अन्य लोगों वहां से निकालने का काम किया।




5 of 5

इन ट्रैकर्स को सकुशल एयरफोर्स स्टेशन पहुंचाया गया। वहीं इन लोगों के लिए एक कैंप की व्यवस्था भी एयरफोर्स ने की है। जहां इन सभी लोगों को चिकित्सा सुविधा भी उपलब्ध करवाई जा रही है। अपने इस ऑपरेशन में एयरफोर्स ने सिविल एडमिनस्ट्रेशन वहां मौजूद इंडियन आर्मी की यूनिटों और लोकल डिजास्टर रीलिफ टीमों से भी लगातार समन्वय बनाए रखा।


 

adsatinder

explorer
UttarakhandChamoli › Fresh Snowfall In Auli And Uttarakhand Hilly Area Tourist Enjoy See Visuals
बर्फ से फिर सराबोर हुई देवभूमि की वादियां, औली में पर्यटक ऐसे उठा रहे बर्फबारी का लुत्फ, तस्वीरें...
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जोशीमठ(चमोली), Updated Fri, 17 Jan 2020 12:05 AM IST
Fresh Snowfall in Auli and Uttarakhand Hilly Area Tourist Enjoy See Visuals

1 of 6
- फोटो : अमर उजाला

गुरुवार को उत्तराखंड में दिनभर मौसम खराब रहा और दोपहर बाद बदरीनाथ धाम, हेमकुंड साहिब, फूलों की घाटी, गौरसों बुग्याल, औली, रुद्रनाथ समेत ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी हुई। वहीं, बर्फबारी के बीच भी पर्यटक बड़ी तादात में औली का रुख कर रहे हैं।




2 of 6
- फोटो : अमर उजाला

बृहस्पतिवार को दोपहर बाद ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी शुरू हो गई जो देर शाम तक चलती रही। निचले क्षेत्रों में शीतलहर चलने से लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ रहा है। पर्यटकों ने जोशीमठ-औली मोटर मार्ग से औली पहुंच कर बर्फबारी का जमकर लुत्फ उठाया।



3 of 6
- फोटो : अमर उजाला

औली मार्ग पर कई जगह पाला जमा होने से मार्ग जोखिम भरा बना है। वहीं कुछ पर्यटक रोपवे से औली पहुंचे। यहां पहुंचे कई पर्यटकों ने बर्फबारी के बीच खूब सेल्फी ली। वहीं, बर्फ से लकदक स्लोप पर स्कीइंग का भी खूब लुत्फ उठाया।



4 of 6
- फोटो : अमर उजाला

बता दें कि औली में नेशनल स्कीइंग चैंपियनशिप सात से 11 फरवरी तक आयोजित होने वाली है। इसके लिहाज से यहां इस समय पर बर्फबारी होना काफी मुफीद है। ऐसे में वहां आने वाले पर्यटक इस समय भी स्कीइंग कर सकते हैं।



5 of 6
- फोटो : अमर उजाला

स्की एंड स्नोबोर्ड एसोसिएशन ऑफ उत्तराखंड के सचिव प्रवीण शर्मा ने बताया कि औली में नेशनल स्कीइंग चैंपियनशिप में हिमाचल विंटर गेम्स एसोसिएशन, विंटर गेम्स एसोसिएशन ऑफ जम्मू-कश्मीर, दिल्ली स्की एसोसिएशन, स्की एंड स्नोबोर्ड एसोसिएशन महाराष्ट्र, स्की एंड स्नोबोर्ड एसोसिएशन बिहार, स्की एंड स्नोबोर्ड एसोसिएशन कर्नाटक और एसएससीबी की टीम शामिल होंगी।




6 of 6
- फोटो : अमर उजाला

औली में राष्ट्रीय स्तर की सीनियर, जूनियर व सब जूनियर प्रतियोगिताओं का आयोजन होगा। सब जूनियर वर्ग में 12 से 14 आयु वर्ग, जूनियर वर्ग में 14 से 16 व सीनियर वर्ग में 16 से अधिक आयु वर्ग के खिलाड़ी प्रतिभाग करेंगे। स्की एंड स्नोबोर्ड एसोसिएशन चमोली के अध्यक्ष विवेक पंवार ने बताया कि चमोली जिले की टीम का जल्द ही चयन कर लिया जाएगा।

 

adsatinder

explorer
Snow Driving is dangerous :
8 Jan 2020

SHIMLA
Cars sliding Out of Control in Heavy Snow storm Shimla |Dangerous Situation CARS Dancing in Snow
54,640 views
•Jan 10, 2020



801
45


Traveller Sandy

16K subscribers


SUBSCRIBE
Shimla due to heavy snowfall storm every car sliding bady helping cars to get out of snow and some tips dor tourist to be safe in snow
 

adsatinder

explorer
Snow chains नहीं है क्या ? कोई बात नहीं | Best way to get your car out of the snow stuck |
222,556 views
•Jan 30, 2019


5K
387


KPL Expeditions

53.6K subscribers


SUBSCRIBE
Nowadays its snowing in the Himachal(Shimla Manali Dharamshala). In these kind of weather condition you are not suppose to drive your car. Snow chains are best so in this video I am not saying that you should not buy snowchain, you must buy those if you are going to Manali or anyother snow area. In this video I am just trying to tell you that how you can get your car out of snow with the help of rope.
#ManaliSnowfall, #CarstuckVideos, #Manali
 
Top